मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने की ‘दृश्य संवाद 2026’ में शिरकत: पुरानी तस्वीरों ने ताजा किए राजनीतिक और ग्रामीण जीवन के अनमोल संस्मरण
रायपुर में दिखा मुख्यमंत्री का अनूठा अंदाज: खुद कैमरा संभालकर खींची फोटो पत्रकार की तस्वीर, फोटोग्राफी और जनसरोकार के जीवंत रंगों से सजा फेस्ट

रायपुर, 24 अगस्त 2026: तस्वीरें सिर्फ समय का दस्तावेज भर नहीं होतीं, बल्कि वे बीते हुए कल को आज के पटल पर जीवंत करने का सबसे सशक्त माध्यम हैं। राजधानी रायपुर में रविवार को कुछ ऐसा ही विहंगम और भावनात्मक दृश्य देखने को मिला, जब छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय रायपुर प्रेस क्लब द्वारा आयोजित पांच दिवसीय फोटो जर्नलिस्ट फेस्ट ‘दृश्य संवाद 2026’ के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। 19 अगस्त से शुरू हुए इस भव्य आयोजन के समापन अवसर पर मुख्यमंत्री ने न केवल अपनी पुरानी स्मृतियों को ताजा किया, बल्कि अपने सहज और आत्मीय स्वभाव से सबका दिल जीत लिया।
जब मुख्यमंत्री बने फोटोग्राफर: कैमरे के पीछे का खास पल बना मुख्य आकर्षण
समापन समारोह के दौरान एक बेहद दिलचस्प और यादगार क्षण तब आया जब मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रोटोकॉल और औपचारिकताओं से परे जाकर खुद अपने हाथों में कैमरा थाम लिया। आमतौर पर अपनी प्रशासनिक व्यस्तताओं और जनहित के कार्यों में व्यस्त रहने वाले मुख्यमंत्री ने इस बार एक कुशल फोटो पत्रकार की भूमिका निभाई। उन्होंने समारोह में मौजूद एक फोटो पत्रकार को अपने कैमरे के फ्रेम में कैद कर इस पल को ऐतिहासिक बना दिया।
मुख्यमंत्री के इस अनूठे और सरल अंदाज ने वहां मौजूद सभी फोटो पत्रकारों, मीडियाकर्मियों और गणमान्य नागरिकों को आश्चर्यचकित कर दिया। मंच पर मौजूद सभी लोगों ने करतल ध्वनि से मुख्यमंत्री के इस सहज रूप का स्वागत किया, जो ‘दृश्य संवाद 2026’ का सबसे अनूठा और चर्चित आकर्षण बन गया।
तस्वीरों ने दिलाई पहली विधायक बनने और खेत-खलिहान की यादें
प्रदर्शनी के दौरान मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जब अपने राजनीतिक सफर और ग्रामीण परिवेश से जुड़ी पुरानी तस्वीरों का अवलोकन किया, तो उनके चेहरे पर एक अलग ही आत्मिक संतोष और मुस्कान तैर गई। चित्रों को निहारते हुए उन्होंने अपने सहयोगियों और उपस्थितजनों के साथ कई रोचक और प्रेरणादायी संस्मरण साझा किए:
- सफारी सूट की रोचक याद: अपने राजनीतिक जीवन के शुरुआती दौर यानी पहली बार विधायक बनने के समय की एक तस्वीर को देखकर मुख्यमंत्री ने मुस्कुराते हुए बताया कि उस खास मौके के लिए उन्होंने विशेष तौर पर एक सफारी सूट सिलवाया था। इस छोटे से संस्मरण ने वहां मौजूद आत्मीय माहौल को और भी जीवंत कर दिया।
- मिट्टी से जुड़ाव और किसानी: प्रदर्शनी में मुख्यमंत्री के ग्रामीण जीवन, खेती-किसानी और हल चलाते हुए प्रदर्शित चित्रों ने उनके अंदर के सहज ग्रामीण को जागृत कर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ये तस्वीरें उन्हें अपनी माटी, खेत-खलिहान और उन संघर्षपूर्ण व आनंदित दिनों की याद दिलाती हैं, जिनसे उनका जीवन गहराई से जुड़ा हुआ है।
फोटो पत्रकारिता समाज और इतिहास का दर्पण: मुख्यमंत्री श्री साय
फोटो पत्रकारों के कार्यों की भूरी-भूरी प्रशंसा करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि तस्वीरें बिना किसी शब्द के पूरी कहानी बयान करने की अद्भुत क्षमता रखती हैं। उन्होंने कहा:
“तस्वीरें केवल किसी घटना या क्षण को दर्ज करने का माध्यम भर नहीं हैं, बल्कि वे समय, समाज और हमारी स्मृतियों को आने वाली पीढ़ियों के लिए धरोहर के रूप में सहेजती हैं। फोटो पत्रकार विपरीत और कठिन परिस्थितियों में भी अपनी जान जोखिम में डालकर घटनास्थल पर पहुंचते हैं और इतिहास के महत्वपूर्ण क्षणों को कैमरे में कैद करते हैं। उनका यह कार्य पत्रकारिता का अत्यंत प्रभावशाली और महत्वपूर्ण हिस्सा है।”
मुख्यमंत्री ने रायपुर प्रेस क्लब की सराहना करते हुए कहा कि ‘दृश्य संवाद’ जैसे आयोजन फोटोग्राफी और फोटो पत्रकारिता की सृजनात्मकता को एक सशक्त मंच प्रदान करते हैं। ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी के युवाओं और फोटोग्राफी प्रेमियों को अनुभवी फोटो पत्रकारों के हुनर को सीखने और समझने का दुर्लभ अवसर प्राप्त होता है। उन्होंने रायपुर प्रेस क्लब के पदाधिकारियों और सभी प्रतिभागियों को इस सफल आयोजन के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
प्रकृति, संस्कृति और जनसरोकार के विविध रंगों ने मोहा मन
पांच दिनों तक चले इस फोटो जर्नलिस्ट फेस्ट में प्रेस फोटोग्राफर्स के साथ-साथ ओपन कैटेगरी के प्रतिभागियों की उत्कृष्ट कलाकृतियों को भी प्रदर्शित किया गया। प्रदर्शनी में मुख्य रूप से निम्नलिखित विषयों पर आधारित तस्वीरों ने दर्शकों का ध्यान खींचा:
- प्रकृति एवं पर्यावरण: छत्तीसगढ़ के जंगलों, वन्यजीवों और नैसर्गिक सौंदर्य के मनमोहक दृश्य।
- संस्कृति एवं परंपरा: बस्तर और सरगुजा समेत प्रदेश की अनूठी लोकसंस्कृति, त्योहारों और रीति-रिवाजों की झलक।
- समाचार एवं जनसरोकार: आम जनजीवन, संघर्ष, प्रशासनिक गतिविधियों और सामाजिक सरोकारों से जुड़े जीवंत चित्र।
पांच दिनों की इस प्रदर्शनी का आनंद लेने के लिए बड़ी संख्या में वरिष्ठ पत्रकार, विश्वविद्यालयों के विद्यार्थी, फोटोग्राफी के शौकीन और शहर के गणमान्य नागरिक पहुंचे और तस्वीरों के माध्यम से छत्तीसगढ़ के परिवेश को गहराई से महसूस किया।
गरिमामयी उपस्थिति
समारोह के समापन अवसर पर रायपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष श्री मोहन तिवारी, महासचिव श्री गौरव शर्मा, उपाध्यक्ष श्री दिलीप साहू, कोषाध्यक्ष श्री दिनेश यदु, संयुक्त सचिव सुश्री निवेदिता साहू एवं श्री भूपेश जांगड़े विशेष रूप से उपस्थित रहे।
इसके साथ ही, फोटो जर्नलिस्ट फेस्ट के संयोजक श्री दीपक पांडे, वरिष्ठ फोटो जर्नलिस्ट श्री गोकुल सोनी, श्री प्रदीप डडसेना, श्री राजकुमार चतुर्वेदी, श्री रुपेश यादव, श्री नरेंद्र बंगाले, श्री सुधीर सागर, श्री रमन हलवाई, श्री किशन लोखंडे, श्री मनोज देवांगन, श्री विजय देवांगन, श्री विनय घाड़गे, श्री पंकज चौहान, श्री हीरा मानिकपुरी, श्री त्रिलोचन मानिकपुरी, श्री हेमंत गोस्वामी, श्री जय गोस्वामी, श्री पंकज सिंह सहित बड़ी संख्या में फोटो जर्नलिस्ट, मीडिया प्रतिनिधि और छत्तीसगढ़ के कोने-कोने से आए कला प्रेमी उपस्थित रहे।
