छत्तीसगढ़ की महिलाओं के लिए आर्थिक सशक्तिकरण की नई लहर: महतारी वंदन योजना और लखपति दीदी अभियान से बदल रही है तस्वीर

रायपुर 28 अगस्त : छत्तीसगढ़ में महिलाओं को आत्मानुवलंबी और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने अभूतपूर्व कदम उठाए हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं का परिणाम है कि आज प्रदेश की माताएं और बहनें विकास के मुख्य केंद्र में आ चुकी हैं। सरकार की दूरदर्शी नीतियों के चलते महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव आ रहे हैं।
महतारी वंदन योजना: हर महीने खातों में पहुंच रही राशि
प्रदेश की महिलाओं को संबल प्रदान करने वाली ‘महतारी वंदन योजना’ गेम-चेंजर साबित हो रही है। इस योजना के तहत राज्य की 68 लाख से अधिक बहनों को प्रतिमाह ₹1000 की सहायता राशि सीधे उनके बैंक खातों में अंतरित की जा रही है।
हाल ही में रक्षाबंधन के पावन पर्व के उपलक्ष्य में, सरकार ने सितंबर माह की किस्त के रूप में लगभग ₹631 करोड़ की भारी-भरकम राशि महिलाओं के खातों में भेजने का ऐतिहासिक काम किया है, जिससे बहनों के चेहरों पर खुशी आई है।
13.85 लाख से अधिक बहनें बनीं ‘लखपति दीदी’
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्व-सहायता समूहों के जरिए महिलाओं की आर्थिक तरक्की को पंख लगे हैं। छत्तीसगढ़ में अब तक 13 लाख 85 हजार से ज्यादा बहनें ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं। यह आंकड़ा इस बात का गवाह है कि प्रदेश की महिलाएं अब स्वरोजगार और उद्यमिता के जरिए न केवल खुद आत्मनिर्भर हो रही हैं, बल्कि अपने पूरे परिवार की आर्थिक स्थिति को भी मजबूत कर रही हैं।
संपत्ति की मालकिन बन रहीं छत्तीसगढ़ की नारी
महिला सशक्तिकरण का एक और बड़ा उदाहरण प्रॉपर्टी के क्षेत्र में देखने को मिल रहा है। राज्य सरकार द्वारा भूमि की रजिस्ट्री शुल्क में महिलाओं को 50% की विशेष छूट दी जा रही है। इसके शानदार परिणाम सामने आए हैं:
- प्रदेश में अब लगभग 51% प्रॉपर्टी महिलाओं के नाम पर ही रजिस्टर्ड हो रही हैं।
- पिछले करीब ढाई साल के भीतर ही 30 हजार से ज्यादा बहनों के नाम पर संपत्ति का पंजीयन किया गया है।
यह पहल महिलाओं को केवल आर्थिक रूप से ही नहीं, बल्कि सामाजिक और पारिवारिक स्तर पर भी मजबूत बना रही है। सरकार के इन ठोस और क्रांतिकारी कदमों से साफ है कि छत्तीसगढ़ में ‘नारी शक्ति’ का सम्मान और सशक्तिकरण केवल एक नारा नहीं, बल्कि धरातल पर एक जीवंत वास्तव
