रायपुर, 09 सितंबर 2026: छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता (UCC) को पूरी तरह व्यावहारिक, समावेशी और जनोपयोगी बनाने की दिशा में राज्य शासन ने ठोस कदम बढ़ा दिए हैं। इसी कड़ी में राजनांदगांव के जिला पंचायत सभाकक्ष में एक व्यापक जनपरामर्श बैठक का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। बैठक में विभिन्न सामाजिक, राजनीतिक और धार्मिक संगठनों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और विवाह, तलाक, उत्तराधिकार, भरण-पोषण जैसे संवेदनशील मुद्दों पर अपने महत्वपूर्ण सुझाव समिति के समक्ष रखे।

बैठक के प्रमुख बिंदु और सहभागिता
- समिति के समक्ष प्रस्तुत पक्ष: बैठक में यूसीसी समिति के सम्मानित सदस्य—सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी श्री एम.के. राउत, वरिष्ठ अधिवक्ता श्री मोहन पवार और सेवानिवृत्त प्राचार्या डॉ. ज्योति रानी सिंह ने सभी पक्षों की बातें गंभीरता से सुनीं।
- विस्तृत भौगोलिक भागीदारी: इस महत्वपूर्ण बैठक में राजनांदगांव के साथ-साथ कबीरधाम, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई और मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिलों के प्रतिनिधि शामिल हुए।
- विविध संगठनों की उपस्थिति: सर्व आदिवासी समाज, बौद्ध, जैन, मुस्लिम, ईसाई, साहू, कलार, लोधी, यादव, पटेल, गड़रिया, सेन, उराव समाज, मां बम्लेश्वरी ट्रस्ट समिति और विभिन्न राजनीतिक दलों के पदाधिकारी व सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
मुख्य सुझाव और विमर्श के केंद्र
- एकसमान कानून की मांग: कई संगठनों ने इस बात पर जोर दिया कि धर्म, जाति या लिंग के भेदभाव के बिना विवाह, तलाक, बच्चा गोद लेने और संपत्ति के उत्तराधिकार जैसे मामलों में सभी नागरिकों के लिए एक समान कानून होना चाहिए।
- पारंपरिक मान्यताओं का संरक्षण: आदिवासी समाजों और अन्य अल्पसंख्यक वर्गों की तरफ से पारंपरिक रूढ़ियों, संस्कृति और विशिष्ट सामाजिक व्यवस्थाओं के संरक्षण को ध्यान में रखते हुए ड्राफ्ट तैयार करने की बात पर बल दिया गया।
- विधिक प्रस्तुतिकरण: विधिक सलाहकार द्वारा पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के जरिए यूसीसी के विभिन्न पहलुओं और कानूनी बारीकियों को सरल भाषा में समझाया गया।
अब आम जनता की बारी: ऑनलाइन और ईमेल से दें सुझाव
समिति ने स्पष्ट किया है कि जनपरामर्श के दौरान मिलने वाले सभी सुझावों का बारीकी से अध्ययन करने के बाद ही अंतिम ड्राफ्ट तैयार किया जाएगा। राज्य शासन ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे बढ़-चढ़कर अपनी राय दें।
- आधिकारिक वेबसाइट: https://ucc.cgstate.gov.in/
- ई-मेल आईडी: ucc-chhattisgarh@cg.gov.in
इस उच्चस्तरीय बैठक के दौरान संभागायुक्त श्री सत्यनारायण राठौर, कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव, जिला पंचायत सीईओ श्री दुर्गा प्रसाद अधिकारी और अपर कलेक्टर श्री सी.एल. मारकंडेय सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
समाचार विश्लेषण: राजनांदगांव की यह बैठक इस बात का प्रमाण है कि छत्तीसगढ़ सरकार यूसीसी के मुद्दे पर हर वर्ग को साथ लेकर पारदर्शी और समावेशी प्रक्रिया अपना रही है। आगामी दिनों में अन्य जिलों से आने वाले सुझाव राज्य के इस कानून के स्वरूप को तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
