रायपुर रेल मंडल की अनूठी पहल: रेलवे स्टेशनों पर लगेंगी प्लास्टिक बॉटल क्रशर मशीनें, पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा कदम

रायपुर | 26 अगस्त 2026
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे का रायपुर रेल मंडल पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता को लेकर लगातार नए आयाम स्थापित कर रहा है। इसी कड़ी में, रेलवे स्टेशनों पर प्लास्टिक कचरे के प्रभावी प्रबंधन और रीसाइक्लिंग (पुनर्चक्रण) को बढ़ावा देने के लिए एक बेहद शानदार और उपयोगी पहल की शुरुआत की जा रही है। अब यात्रियों को सफर के दौरान फेंकी जाने वाली प्लास्टिक बोतलों के निस्तारण की चिंता से मुक्ति मिलने वाली है, क्योंकि रायपुर रेलवे स्टेशन पर अत्याधुनिक प्लास्टिक बॉटल क्रशर मशीनें लगाई जा रही हैं।
रायपुर स्टेशन पर मिलेंगी 06 आधुनिक मशीनें
यात्री सुविधा और पर्यावरण संतुलन को ध्यान में रखते हुए, रायपुर रेलवे स्टेशन के विभिन्न प्लेटफॉर्मों पर कुल 06 प्लास्टिक बॉटल क्रशर मशीनें स्थापित की जा रही हैं।
- इन मशीनों के जरिए यात्री उपयोग के बाद खाली होने वाली प्लास्टिक की बोतलों को तुरंत नष्ट (क्रश) कर सकेंगे।
- मशीन में डाली गई बोतलें मौके पर ही छोटे टुकड़ों में बदल जाएंगी, जिससे उनके इधर-उधर फैलने और कचरा फैलाने की समस्या का शत-प्रतिशत समाधान होगा।
- इन क्रश की गई बोतलों को सुरक्षित तरीके से रीसाइक्लिंग यूनिट तक पहुंचाया जाएगा, जिससे प्लास्टिक अपशिष्ट का सही उपयोग हो सकेगा।
इन प्रमुख स्टेशनों पर भी जल्द मिलेगी यह सुविधा
रायपुर रेल मंडल इस पर्यावरण-अनुकूल पहल को केवल एक स्टेशन तक सीमित नहीं रखना चाहता। मंडल की आगामी विस्तार योजना के तहत छत्तीसगढ़ के अन्य व्यस्त और महत्वपूर्ण स्टेशनों पर भी इन मशीनों को स्थापित करने का ठोस खाका तैयार किया गया है:
- दुर्ग जंक्शन
- भाटापारा
- तिल्दा-नेवरा
- भिलाई पावर हाउस
इन स्टेशनों पर मशीनों के लग जाने से रोजाना हजारों यात्रियों को प्लास्टिक कचरा सही जगह ठिकाने लगाने में आसानी होगी।
स्वच्छता और सतत विकास का मजबूत संदेश
रेलवे प्रशासन का मानना है कि इस योजना से न केवल स्टेशनों पर साफ-सफाई का स्तर और बेहतर होगा, बल्कि प्लास्टिक के कारण पर्यावरण को होने वाले नुकसान को भी काफी हद तक रोका जा सकेगा। यह पहल भारतीय रेलवे के ‘स्वच्छ भारत मिशन’ और ‘सतत विकास’ (Sustainable Development) के लक्ष्यों को जमीन पर उतारने का एक सशक्त माध्यम बन रही है।
रेलवे की अपील: रायपुर रेल मंडल ने समस्त रेल यात्रियों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा के दौरान प्लास्टिक की बोतलों और अन्य कचरे को इधर-उधर न फेंकें। निर्धारित कूड़ेदानों का उपयोग करें और इन नई बॉटल क्रशर मशीनों का अधिक से अधिक लाभ उठाकर ‘स्वच्छ रेलवे स्टेशन, हरित पर्यावरण’ के इस महाअभियान में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें।
