वैश्विक मंच पर गूंजेगा छत्तीसगढ़ का नाम: सिंगापुर बिजनेस फेडरेशन के ‘SING Forum-2026’ में सहभागी बनेगा प्रदेश
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय करेंगे उच्चस्तरीय राज्य प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व; वैश्विक निवेशकों के सामने प्रस्तुत की जाएगी प्रदेश की तरक्की और निवेश की असीम संभावनाएं

रायपुर, 1 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ के औद्योगिक और आर्थिक विकास के इतिहास में एक नया स्वर्णिम अध्याय जुड़ने जा रहा है। विदेश मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा प्रतिष्ठित ‘सिंगापुर-इंडिया नेटवर्क फॉर ग्रोथ फोरम 2026’ (SING Forum-2026) के लिए छत्तीसगढ़ का विशेष चयन किया गया है। सिंगापुर बिजनेस फेडरेशन (SBF) द्वारा आयोजित किए जा रहे इस अत्यंत महत्वपूर्ण अंतर्राष्ट्रीय मंच के पहले संस्करण में छत्तीसगढ़ को सहभागी बनने का ऐतिहासिक अवसर प्राप्त हुआ है। इस वैश्विक आयोजन में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय स्वयं राज्य के एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करेंगे।
इस भागीदारी को लेकर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने राज्य की जनता के नाम एक संदेश जारी करते हुए इसे प्रदेश के लिए ‘ऐतिहासिक क्षण’ बताया है। मुख्यमंत्री ने कहा, “सिंगापुर बिजनेस फेडरेशन द्वारा आयोजित SING Forum-2026 में छत्तीसगढ़ को सहभागी बनने का अवसर प्राप्त हो रहा है। यह हमारे प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक अवसर है। इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर हम छत्तीसगढ़ की उपलब्धियों, विकास की संभावनाओं और निवेश के अवसरों को वैश्विक समुदाय के समक्ष प्रस्तुत करेंगे। साथ ही, सिंगापुर के प्रमुख निवेशकों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर प्रदेश में निवेश की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा होगी।”*
विश्व मंच पर प्रदर्शित होगी छत्तीसगढ़ की ताकत
‘सिंगापुर-इंडिया नेटवर्क फॉर ग्रोथ फोरम’ (SING Forum) का यह पहला और बेहद खास संस्करण है। इसमें सिंगापुर और भारत के शीर्ष सरकारी प्रतिनिधि, अंतरराष्ट्रीय नीति निर्माता, उद्योग जगत के दिग्गज और दुनिया भर के बड़े निवेशक एक मंच पर जुट रहे हैं। इस मंच का मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के बीच आर्थिक साझेदारी को नई ऊंचाइयों पर ले जाना है।
इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय छत्तीसगढ़ को एक ‘पावर सरप्लस’ (बिजली सरप्लस) राज्य, कम परिचालन लागत (Lower Cost of Doing Business) और बेहद निवेशक-अनुकूल नीतियों वाले प्रदेश के रूप में पेश करेंगे। इसके साथ ही, देश के पहले ग्रीनफील्ड स्मार्ट सिटी ‘नवा रायपुर‘ के विकास मॉडल और यहाँ मौजूद वैश्विक स्तर के इंफ्रास्ट्रक्चर को भी दुनिया के सामने रखा जाएगा।
इन प्रमुख क्षेत्रों में निवेश और सहयोग पर होगी चर्चा
मुख्यमंत्री के नेतृत्व में जा रहा छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधिमंडल केवल व्यापारिक बैठकों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि राज्य के समग्र और टिकाऊ विकास के लिए सिंगापुर के विभिन्न शीर्ष संस्थानों का दौरा भी करेगा। बैठकों के दौरान निम्नलिखित प्रमुख क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा:
- तकनीक आधारित औद्योगिक विकास: राज्य के युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर सृजित करने के लिए नई तकनीकों और इलेक्ट्रॉनिक्स/सेमीकंडक्टर विनिर्माण क्षेत्र में निवेश पर चर्चा होगी।
- कौशल विकास (Skill Development): प्रतिनिधिमंडल सिंगापुर के प्रसिद्ध इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्निकल एजुकेशन (ITE) का दौरा कर युवाओं के कौशल उन्नयन के लिए वैश्विक साझेदारी की संभावनाएं तलाशेगा।
- हरित विकास और पर्यावरण संरक्षण: गार्डन्स बाय द बे और मंडई वाइल्डलाइफ रिजर्व के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर छत्तीसगढ़ में पर्यावरण-पर्यटन (Eco-Tourism), वन्यजीव संरक्षण और टिकाऊ हरित विकास के मॉडल्स पर सहयोग की रूपरेखा तैयार की जाएगी।
रोजगार और विकास के नए रास्ते खुलेंगे
आर्थिक विश्लेषकों का मानना है कि इस वैश्विक दौरे से छत्तीसगढ़ में न केवल भारी-भरकम विदेशी निवेश (FDI) आएगा, बल्कि राज्य में आईटी, ऑटोमोबाइल, नवीकरणीय ऊर्जा (Green Energy) और लॉजिस्टिक्स जैसे आधुनिक क्षेत्रों में विकास को रफ्तार मिलेगी। मुख्यमंत्री की इस पहल से राज्य के स्थानीय उद्योगों को वैश्विक बाजार से जुड़ने का मौका मिलेगा और युवाओं के लिए उच्च भुगतान वाली नौकरियों के नए द्वार खुलेंगे।
कुल मिलाकर, SING Forum-2026 में छत्तीसगढ़ की यह भागीदारी राज्य को ‘मध्य भारत के औद्योगिक केंद्र’ से आगे बढ़ाकर ‘वैश्विक निवेश गंतव्य’ के रूप में स्थापित करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होने वाली है।
